गाय का दूध पीने से घटते हैं अपराध और गोबर से नॉर्मल डिलीवरी- RSS से जुड़ी संस्था देश भर में करेगी प्रचार

आठ मुख्य फायदे

राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) से जुड़ी संस्था गौ सेवा देशभर में 15 दिनों का गौ जाप महायज्ञ करने की तैयारी कर रही है। 31 मार्च से होने वाले इस महायज्ञ को देश के कई मंदिरों में आयोजित किया जाएगा। इस महायज्ञ को करने के पीछे संस्था का मकसद यह है कि इससे लोगों के बीच गायों और उनकी भलाई के लिए जागरुकता फैले। आरएएसएस की इस संस्था ने गाय के गोबर के आठ मुख्य फायदे और अन्य गाय उत्पादों का प्रचार करनी की योजना बनाई है।

आरएसएस के वरिष्ठ पदाधिकारी ने दावा किया है कि पिछले आठ सालों में 3 हजार महिलाओं की बिना सर्जरी के डिलीवरी हुई है क्योंकि उन्होंने प्रसव पीड़ा के दौरान 40 ग्राम गाय के गोबर से निकलने वाले तरल पदार्थ में तुलसी मिलाकर ली थी।

आरएसएस अखिल भारतीय गौ सेवा अध्यक्ष शंकर लाल ने दावा किया है कि भैंस और जर्सी गायों का दूध पीने से अपराध बढ़ रहा है। शंकर लाल ने कहा “भैंस और जर्सी गाय का दूध पीने से गुस्सा पैदा होता है, जिसके कारण व्यक्ति अपना आपा खो देता है और यही अपराध को बढ़ाता है। वहीं दूसरी ओर गाय का दूध सात्विक है जो कि व्यक्ति को शांति देता है और अपराध को घटाता है।” शंकर लाल ने कहा कि गाय के दूध के फायदे बताने के लिए लोगों को जागरुक किया जाएगा जिसका उद्देश्य अपने लक्ष्य ‘अपराध मुक्त भारत’ को प्राप्त करना है।

Normal Delivery में सहायक

संस्था के दावों के अनुसार, गाय का दूध पीने से अपराध दर में कमी आती है और गाय के गोबर से निकलने वाले तरल पदार्थ और उसमें तुलसी मिलाकर पी जाए तो यह प्रसव पीड़ा के दौरान नॉर्मल डिलीवरी करने में मदद करता है।

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इतना ही नहीं आरएसएस के वरिष्ठ पदाधिकारी ने दावा किया है कि पिछले आठ सालों में 3 हजार महिलाओं की बिना सर्जरी के डिलीवरी हुई है क्योंकि उन्होंने प्रसव पीड़ा के दौरान 40 ग्राम गाय के गोबर से निकलने वाले तरल पदार्थ में तुलसी मिलाकर ली थी। शंकर लाल ने दावा किया कि ऐसा करने के दो घंटे के अंदर ही महिलाओं की नॉर्मल डिलीवरी हो जाती है। इसके अलावा उन्होंने यह भी कहा कि अगर गर्भावस्था के आठ महीने तक महिलाएं गाय के दूध से बनी दही एक चांदी के कटोरे में रोजाना पिएं तो बच्चे का रंग गोरा होगा और वह बुद्धिमान होने के साथ-साथ सात्विक व्यवहार वाला होगा।